विश्व हिन्दी साहित्य
साहित्यिक -सांस्कृतिक ई पत्रिका
Friday, 9 July 2021
मेरे शेर
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लिखने वाले ने ब्रेल में लिखा है तुम्हें
जब तलक उँगलियाँ न फिराओ पढ़ना मुश्किल है
-अरमान
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