Wednesday, 28 December 2016

नायक

नायक
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जो हत्या कर
अहिंसा पर भाषण दे सके
हमारे समय का नायक वही है

जो रिश्वत से मंच तक पहुंचे
और
भ्रष्टाचार पर बोलता रहे
हमारे समय का नायक वही है

जो क्रूरता पर डाल सके
मासूम मुस्कुराहटों का पर्दा
हमारे समय का नायक वही है

इस जटिल समय में
जो कुटिल हो सके
हमारे समय का नायक वही है

हम जिसका इंतज़ार कर रहे
उसका वेश जो धारण कर सके बहरूपिया
हमारे समय का नायक वही है
..........................
हमने न जाने कितनी लड़ाइयाँ उसके इंतज़ार में हारी हैं
...........................
हमारी लाशों पर जो समझौता कर सके
हमारे समय का नायक वही है

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