आओ
पत्रकारों हम
इस तम में तुम्हारे मारे जाने का मातम मनाते हैं
तुम्हारे बाद का हाल भी तुमको बताते हैं
सुना है वो
सच की लाश को
जलाएंगे नहीं
बल्कि दफनायेंगे
नंगा राजा रोशनी के खिलाफ है
और
तुम्हारा जुर्म की तुमने दियासलाई की कीमत पूछी
मैने सर झुकाया, तुझे इल्म नहीं जा तू पत्थर हो जा, परवाह नहीं। अरमान
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